इंदौर के कब्रिस्तानो में क्या हो रहा है ? अचानक बाढ़ आ गयी मरने वालो की, क्या छिपाया जा रहा है ?



कोरोना किसी को भी हो सकता है, कोरोना के संकट काल में कोई सुरक्षित नहीं है और इस देश में जो कुछ भी हो रहा है उसके बारे में सबको जानने का हक़ है, ये मामले हमारे जीवन से जुड़े हुए है, हमारे देश, समाज, इकॉनमी से जुड़े हुए है 

इंदौर में आये दिन पुलिस और प्रशासन पर हमलों की खबरें सामने आई है, और इसके साथ साथ अब इंदौर से एक और जानकारी सामने आ रही है और वो जानकरी ये है की अचानक इंदौर के कब्रिस्तानों में दफ़न होने वाले शवों की बाढ़ सी आ गयी है

इस साल जनवरी फ़रवरी मार्च में जितने लोग नहीं मरे उस से ज्यादा लोग 1 अप्रैल से 9 अप्रैल यानि सिर्फ 9 दिन में मरे है, और दाफनाये जा रहे है, अचानक ऐसा क्या हो गया है जिसे छिपाया जा रहा है 

आप आंकड़ो को देख कर हैरान हो जायेंगे 



महूनाका कब्रिस्तान में जहाँ 1-1 महीने में 50 के आसपास लोग दफ़न होते थे, वहीँ अप्रैल के सिर्फ 9 दिनों में 55 लोग दफ़न किये गए है, चन्दन नगर के कब्रिस्तान में भी 1 अप्रैल से 9 अप्रैल तक दफ़न होने वालो की संख्या अचानक बढ़ गयी है, इसके अलावा बाकि सभी कब्रिस्तानों का ये ही हाल है 



जहाँ पुरे महीने में इतने लोग दफन नहीं किये जा रहे थे उस से कहीं ज्यादा सिर्फ अप्रैल के 9 दिनों में दफ़न किये जा रहे है, आखिर किस चीज से मरने वालो की संख्या इतनी बढ़ रही है, ये बड़ा प्रशन है और जिस तरह से जांच के लिए जाने वाली टीमों पर इंदौर में हमले हो रहे है उस से भी साफ़ होता है की बहुत कुछ छिपाया जा रहा है