मोदी की नाकाम की जिनपिंग की चाल, खरीद रहा था भारतीय कंपनियां, लगाया बैन, अब मंजूरी होगा अनिवार्य


चीन की उस चाल को मोदी सरकार ने नाकाम कर दिया है जिसके जरिये चीन भारत की कंपनियों को कण्ट्रोल में करके भारत की इकॉनमी में दखल देने की कोशिश कर रहा था 

दरअसल अपने वायरस कोरोना के जरिये चीन ने दुनिया भर की इकॉनमी को ठप्प सा कर दिया है, कारोबार बंद है, इसी कारण दुनिया भर में शेयर मार्किट काफी गिर चुके है और कंपनियों के शेयर अब बहुत ही कम कीमत पर मिल रहे थे 

चीन ने इसका फायदा उठाना शुरू कर दिया और अलग अलग देशों की बड़ी और अच्छी कंपनियों में अपना शेयर बढ़ाना शुरू कर दिया, चीन की चाल को स्पेन और इटली दोनों समझ गए और दोनों देशों ने चीन के निवेश पर बैन लगा दिया 

अब भारत सरकार ने भी ऐसी ही बड़ी कार्यवाही की है, दरअसल भारत का शेयर मार्किट भी काफी नीचे आ गया है और कंपनियों के शेयर कम दाम पर मिल रहे है, ऐसे में चीन का सेंट्रल बैन इन कंपनियों में अपना शेयर बढ़ा रहा था, HDFC नाम की भारतीय कंपनी इसका एक उदाहरण है 

भारत सरकार भी समझ गयी की चीन मौके का फायदा उठाना चाहता है और इसी कारण आज भारत सरकार ने चीन के निवेश पर बैन लगा दिया, अब चीन को निवेश से पहले भारत सरकार की इज़ाज़त लेनी होगी, बिना इज़ाज़त के अब सीधे चीन भारतीय कंपनियों के शेयर नहीं खरीद सकता 


वाणिज्य मंत्रालय ने नियमो को बदल दिया है, अब चीन को अगर भारतीय कंपनियों के शेयर खरीदने होंगे तो उसे पहले भारत सरकार से इज़ाज़त लेनी होगी, पहले इस इज़ाज़त की जरुरत नहीं थी, बिना किसी रोक टोक चीन निवेश कर सकता था, पर चीनी चाल को समझकर भारत सरकार ने फैसला किया है