सुशांत ने आत्महत्या नहीं की उसे मारा गया है, इसके एक नहीं ढेरों सबूत मौजूद है : सुब्रमण्यम स्वामी


अचानक से अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत को लेकर मीडिया ने खबर फैलाई की सुशांत ने अपने फ्लैट में आत्महत्या कर ली, फिर मामले को मुंबई पुलिस ने रफादफा कर दिया, पर ये कोई आत्महत्या नहीं बल्कि एक हत्या थी और अब इस बात का दावा डॉ सुब्रमण्यम स्वामी ने किया है 

डॉ स्वामी ने कहा है की - सुशांत के मामले में पुलिस की कार्यवाही संदिग्ध है और सुशांत ने कोई आत्महत्या नहीं की, उसकी हत्या की गयी है और इस बात के ढेरों सबूत मौजूद है 

डॉ स्वामी ने कई अहम् बिंदु बताये जो इस प्रकार है 

1 - सुशांत किसी सदमे में नहीं था, उसकी मौत से पहले वो अपने रिश्तेदारों से फ़ोन पर अगले साल खुद की शादी की बातें करता था 

2 - सुशांत को कोई आर्थिक तंगी नहीं थी, उसके पास महँगी गाड़ी, बैंक में पैसे थे 

3 - मौत वाले दिन सुशांत अपने फ्लैट में बैठकर गेम्स खेल रहा था

4 - सुशांत के रूम में जो कपडा मिला और उसके गले पर जो निशान मिले वो मैच नहीं होते, उस कपडे से वैसे निशान नहीं बन सकते 

5 - सुशांत के कमरे में कोई कुर्सी, स्टूल नहीं मिला

6 - सुशांत के शरीर पर कई तरह के निशान थे, जिस से लगता है की उसके साथ हाथापाई की गयी थी 

7 - फांसी से आत्महत्या की सूरत में आँखें बाहर आ जाती है लेकिन सुशांत की आँखें तो बिलकुल सामान्य थी 

8 - सुशांत का नौकर लगातार अपने स्टेटमेंट बदल रहा है 

9 - सुशांत ने पिछले कुछ दिनों में लगातार सिम कार्ड बदले थे जिस से लगता है की उसे लगातार फ़ोन पर धमकियाँ दी जाती थी, जिस से तंग आकर वो अपने फ़ोन नंबर को बदलता रहता था 

10 - बॉलीवुड के लोग जो सुशांत के करीबी थे, उनकी बॉडी लैंग्वेज भी संदिग्ध है 

11 - सुशांत के रूम की चाभी गुम थी 

12 - सुशांत की जीभ भी बाहर नहीं आई थी, फांसी की सूरत में तो जीभ बाहर आ जाती है 

डॉ स्वामी ने कहा है की - कोई भी सामान्य पुलिस वाला इन बिन्दुओं को देखकर आसानी से समझ सकता है की सुशांत ने आत्महत्या नहीं की बल्कि उसकी हत्या की गयी, पर इस मामले में पुलिस ने इतने दिनों में जो कार्यवाही की है वो संदिग्ध है, इसी कारण मामले की सीबीआई या केन्द्रीय जांच एजेंसी से जांच होनी चाहिए